जब ओढ़ेगा आसमा , रात की चदरिया , तो लेकर चाँद का दिया , करने मुझे रौशन , कहो आओगे न ..
मिल जायेगी जब , किरणे सूरज की , होगा मिलन रात का दिनसे , तब जगाने मुझे नींद से , कहो आओगे न ... ु
No comments:
Post a Comment